मिलिए इस पटना की एक गृहणी से, जो जैविक गार्डनिंग कर उगा रही हैं कई तरीके के सब्ज़िया और फूल, आप भी जाने विधि-

2559

हम में से किसी के भी लिए ज़िन्दगी आसान नही होती। लेकिन उससे क्या? हमें अपने आप पर दृढ़ता और आत्मविश्वास बनाये रखना चाहिए। हमे यह मानना चाहिए कि हमारे अंदर भी कोई हुनर छुपा हुआ है, जिसे खोजना अनिवार्य है।” 

और बात यदि एक स्त्री की हो, एक गृहणी की हो तो उसमें तो सारी शक्ति ही निहित है,जो घर भी सम्हाल सकती है, काम भी औऱ प्रकृति को भी आश्रय दे सकती है। आज हम एक ऐसी ही एक गृहणी के बारे में जानेंगे,जिन्होंने अपने घर को एक बाग का रूप दे दिया। उनका नाम है – ज्योति सिंह

jyoti singh

कौन हैं ज्योति-

ज्योति, बिहार की राजधानी पटना की रहने वाली हैं। वो एक गृहणी हैं और साथ ही प्रकृति के प्रति खास प्रेम रखती हैं। उनका एक छोटा सा परिवार है जिसमे ज्योति, उनके पति, सास- ससुर, और उनका एक बेटा रहता है। ज्योति के हँसमुख चेहरे से सभी को लगाव है, और उनके शांत स्वभाव को सभी बेहद पसंद करते हैं।

पूरे घर को सज़ा दिया सैकड़ो पौधों से-

चूंकि ज्योति के घर के आगे थोड़ा खाली जगह है, वहीं उन्होंने ढ़ेर सारे पौधों को लगाया। उन्हें शुरू से ही अपने घर को एक नया रूप देने का मन था। वो चाहती थी घर में चारों ओर हरियाली हो, जिसे देखकर एक सकारात्मक ऊर्जा उतपन्न हो।

सारे मौसमी फल होते हैं और साथ ही लगाती हैं सारी मौसमी सब्ज़ियां-

जी हां, जैसा कि इस कोरोना महामारी में हम सभी ने सब्ज़ी और फलों के आभाव को महसूस किया है, वही ज्योति कर रही थीं फलों और सब्जियों की बागवानी। फल की बात करे तो – आम, अमरूद, सरिफा आदि उपजाती हैं। तुलसी, पुदीना, धनिया आदि भी आपको यहां देखने को मिलेंगे। पूरे साल, ज्योति को कुछ ही चीज़े बाजार से खरीदनी पड़ती है।

घर मे ही बनाती हैं खाद-

kheti trend से बात करते हुए ज्योति ने बताया कि ,आमतौर पर हम मेहनत करने के बजाए, केमिकल्स का इस्तेमाल ज्यादा बेहतर समझते हैं। लेकिन वो पौधों और मिट्टी के लिए, जैविक खाद का प्रयोग करती हैं। किचन वेस्ट को वो एक जगह एकत्रित करती हैं, फिर उसे सरने को छोड़ दिया जाता है। कुछ समय बाद इन्हें चाल कर दूसरे ड्राम में भर दिया जाता है। जिसका प्रयोग फिर जरूरतनुसार किया जाता है।

परिवार वाले भी करते हैं सहयोग-

ज्योति ने बताया कि ये काम वो अकेले नही करती, बल्कि पूरा घर उनका सहयोग करता है। पौधों का देखरेख करना, उनको कीड़ो से बचाना, उनमें सही मात्रा में पानी देना, मिट्टी की उर्वरता को बनाये रखने का काम सभी मिल जुलकर करते हैं।

सुबह चिड़ियों की चहचहाहट से होती है दिन की शुरूआत-

जैसा कि हम सब जानते हैं कि पक्षियों को यदि संरक्षण देना है तो हमे पेड़ पौधों को लगाने में कोई कोताही नही करनी चाहिए। ज्योति के छोटे से बाग में कई बेजुबान चिड़ियों का आशियाना है, जहां वो सुबह सुबह अपने मीठे आवाज़ से ज्योति के परिवार पर अपना आशीर्वाद बरसाते हैं।

ज्योति और उनके परिवार के इस सराहनीय काम ने कई लोगों को किया प्रेरित-

ज्योति और उनका परिवार कई लोगों के लिए एक उदहारण बन चुका है। ज्योति ने kheti trend को बताया कि आस पास के लोग भी उनसे टिप्स लेने आते हैं वो किस प्रकार इतने सारे पौधों की देख्र करती हैं, और वो किस प्रकार जैविक खाद तैयार करती हैं।

खूबसूरत टँगे हुए गमले और रंगबिरंगे फूल होते हैं आम लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र-

समान्यतः जब लोग उनके घर के बाहर से गुजरते हैं तो कुछ देर ठहर कर इनकी खूबसूरती को निहारते हैं। रंगबिरंगे फूलों को भला कौन नज़रंदाज़ कर सकता है। साथ ही साथ इतने सारे पौधों के बीच लगा एक झूला, और भी मन मोह लेता है।

उनके डॉगी ‘पेड्रो’ को भी बहुत पसंद है प्रकृतिक वातावरण-

pedro, jyoti’s dog

अत्यधिक समय, खासकर सुबह और शाम पेड्रो पेड़ो के बीच ही समय बिताना पसंद करता है। गार्डन उसका सबसे पसंदीदा जगह भी है। उस बेजुबान को भी प्रकृति ने अपनी वश में रखा है, तो इसकी महानता आप समझ सकते हैं। पेड्रो वही खेलता, सोता है।

पटना के बेली रोड और सगुना मोड़ से खरीदती हैं पौधों को-

ज्योति ने kheti trend से बताया कि वो पौधों को खरीदने के लिए बेली रोड और सगुना मोड़ जाती हैं, उन्हें लगता है कि इन दो जगहों पर आप सही पौधे खरीद सकते हैं। और लोगो को भी वो वही जा कर खरीदने की सलाह देती हैं।

ज्योति की दोस्त ‘सीमा’ भी सराहती हैं, ज्योति के इस काम को-

kheti trend से ज्योति की दोस्त, सीमा प्रभात ने बताया कि वो भी उनसे गार्डनिंग की सलाह लेती रहती हैं और खुद के भी घर मे ऐसे ही एक गार्डन बनाने का विचार कर रही हैं।

jyoti with her friend sima

ज्योति चाहती हैं कि हर एक घर मे गर्डनिंग हो –

ज्योति चाहती हैं कि हर घर मे गर्डनिंग होनी चाहिए। बाजार में इतने केमिकल वाले फल और सब्जी मिलते हैं कि ये आपके शरीर को बर्बाद कर देंगे। इसलिए वो जैविक तरीके से खेती करने का सुझाव देती हैं। और कामना करती हैं कि सभी लोग इस कोरोना महामारी में सतर्क रहें और स्वस्थ रहें।

kheti trend, ज्योति के इस खूबसूरत प्रयास की सराहना करता है और बधाई देता है।

अंजली पटना की रहने वाली हैं जो UPSC की तैयारी कर रही हैं, इसके साथ ही अंजली समाजिक कार्यो से सरोकार रखती हैं। बहुत सारे किताबों को पढ़ने के साथ ही इन्हें प्रेरणादायी लोगों के सफर के बारे में लिखने का शौक है, जिसे वह अपनी कहानी के जरिये जीवंत करती हैं ।

17 COMMENTS

  1. Thanks , I have recently been looking for info approximately this subject for a while and yours is the best I’ve discovered so far.
    However, what concerning the bottom line? Are you certain concerning the supply?

  2. I simⲣly cߋuldn’t depart your site before suggesting that I extremely enjoyed the staandard informatіon a
    person supply to your guests?Is going to ƅe back regulqrly in oгdder to іnspect
    new posts

  3. I have been surfing online greater than 3 hours today, but I never discovered any fascinating article like yours. It’s pretty value sufficient for me. Personally, if all website owners and bloggers made good content as you did, the web can be much more helpful than ever before.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here