इस शहर में पूरी तरह से प्लास्टिक बॉटल हुई बैन, बांस के बॉटल्स ने सुलझाया शहर का समस्या

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bamboo bottles

ऐसी बहुत सी चीज़ें है जिससे हमारे पर्यावरण को नुकसान पहुँच रहा है उनमें से सबसे खतरनाक है प्लास्टिक। प्लास्टिक से हमारे पर्यावरण के साथ साथ इंसानों और जानवरों के लिए हानिकारक है।

आज हम आपको ऐसे शहर के बारे में बताएंगे जहाँ प्लास्टिक की जगह बांस का बोतल का उपयोग किया जा रहा है, ये शहर सिक्किम में है जहाँ ये अनोखा प्रयास शुरू हुआ है। सबसे अच्छी बात ये है कि यहाँ जो भी टूरिस्ट आते है वो प्लास्टिक की जगह बांस के बोतल का प्रयोग कर रहे है, जिससे की पर्यावरण को नुकसान नही पहुँच रहा हैं।

 

लाचन शहर की अनोखी पहल-

लाचन ऐसा पहला शहर बना है जिसने पैकेज्ड प्लास्टिक पानी की बोत्तल को बैन करके बांस की बोत्तालो की अनोखी शुरुआत की है। इस अनोखे शुरुआत से अब सिक्किम में प्रदूषण कम हो रहा है साथ ही साथ पर्यावरण की रक्षा भी हो रही है।

1998 से प्लास्टिक बैन करने की पहल-

सबसे पहले प्लास्टिक बैन करने की पहल 1998 में सिक्किम में हुई थी। 2016 में सिक्किम में सारे सरकारी केंद्र पर प्लास्टिक के बोत्तल बैन करने का आदेश दिया गया। साथ ही इस बात का भी ध्यान रखा जाता है कि कोई भी टूरिस्ट अपने साथ प्लास्टिक की बोत्तल न ले जाएं। क्योंकि जो भी टूरिस्ट वहाँ आते है वो प्लास्टिक का बोत्तल वहां फेक जाते है जिससे पर्यावरण को बहुत हानि पहुँचती है।

 

बांस के इस बोत्तल को सासंद Hishey lachungpa के निर्देश पर आर्डर दिया गया है। सबसे अच्छी बात ये है कि अब सिक्किम के लोकल अथॉरिटी ने भी इस पहल को आगे बढ़ाते हुए 1 हज़ार बांस के बोत्तल का आर्डर दिया है। जिससे कि प्लास्टिक का उपयोग कम हो और हमारा पर्यावरण सुरक्षित रहे।

 

Kheti trend इस अनोखे पहल की सराहना करता है और सारे लोगो से इसे अपनाने की अपील करता है।

अनामिका बिहार के एक छोटे से शहर छपरा से ताल्लुकात रखती हैं। अपनी पढाई के साथ साथ इनका समाजिक कार्यों में भी तुलनात्मक योगदान रहता है। नए लोगों से बात करना और उनके ज़िन्दगी के अनुभवों को साझा करना अनामिका को पसन्द है, जिसे यह कहानियों के माध्यम से अनेकों लोगों तक पहुंचाती हैं।

20 COMMENTS

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